Sunday, 21 April 2019, 4:26 PM

धर्म-संस्कृति

बांके बिहारी, शरण तिहारी

Updated on 19 December, 2013, 10:20
मथुरा। मंगलवार को अगन पूर्णिमा के मौके पर वृंदावन के ठा. बांकेबिहारी मंदिर में दर्शन को श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी। खचाखच भरे मंदिर परिसर में ठाकुरजी की जय-जयकार से वातावरण भक्ति की महक से सुगंधित रहा। नववर्ष के स्वागत के लिए भक्तों ने गिरीराज प्रभू को समर्पित करने के लिए... आगे पढ़े

बलदाऊ महाराज को धारण कराए शीतकालीन वस्त्र

Updated on 19 December, 2013, 10:16
बलदेव। सौर संवार उढ़ाय, प्यारी नेक सौर संवार, सिर सौ खस, पावन तर आई, शीत सतावे आए के पद के साथ रात्रि में बलदेव महाराज और रेवती मैया को शीत कालीन वस्त्र धारण कराए गए तो बलदेव स्थित बलदाऊ मंदिर दाऊजी महाराज और रेवती मैया के जयकारों से गुंजायमान हो... आगे पढ़े

यहां पर आज भी मौजूद है भगवान श्री कृष्ण की थाली

Updated on 18 December, 2013, 16:18
भगवान श्री कृष्ण अपनी लीला दिखाकर वापस गोलोक चले गए लेकिन उनकी लीला की निशानी आज भी श्री कृष्ण के होने का एहसास दिलाते हैं। ऐसी ही एक निशानी है श्री कृष्ण की थाली। अगर आप भी श्री कृष्ण की थाली देखना चाहते हैं तो भगवान की जन्मस्थली मथुरा से लगभग... आगे पढ़े

वासनाओं और आकर्षणों में भटककर जब मनुष्य थक जाता है

Updated on 18 December, 2013, 16:16
एक दिन महर्षि सनतकुमार और देवर्षि नारद सत्संग कर रहे थे। सनतकुमार ने प्रश्न किया, देवर्षि, आपने किन-किन शास्त्रों और विद्याओं का अध्ययन किया है? नारद जी ने उन्हें बताया कि उन्होंने वेदों, पुराणों, वाकोवाक्य (तर्कशास्त्र), देवविद्या, ब्रह्मविद्या, नक्षत्र विद्या आदि का अध्ययन किया है, पर यह ज्ञान पुस्तकीय है।... आगे पढ़े

सुर लय ताल से बखानी वेद व्यास की कहानी

Updated on 18 December, 2013, 16:07
वाराणसी। अनगिन मांगलिक सौगातों और तमाम झंझावातों का भी साक्षी रहे गंगा तट ने मंगलवार को द्वैपायन के वेद व्यास बनने की कहानी सुनी। सुर लय ताल में महर्षि के ज्ञान और महिमा का बखान। इससे गंगा भी अपने लाल की विद्वता पर निहाल हो गई। मौका अखिल भारतीय व्यास... आगे पढ़े

व्यवहार की शालीनता

Updated on 18 December, 2013, 11:14
सद्व्यवहार उस पुष्प के समान है जो धवल और दृढ़ चरित्र रूपी वृक्ष पर खिलता है। व्यवहार की शालीनता न केवल अन्य व्यक्तियों को प्रसन्न करती है, बल्कि शालीन व्यक्ति के मन-मस्तिष्क को भी आनंदित करती है। प्रख्यात विचारक और मनीषी श्रीअरविंद का कहना था कि जीवन के समस्त बाहरी क्रियाकलाप... आगे पढ़े

फिर गरमाएगी अखाड़ा परिषद की राजनीति

Updated on 18 December, 2013, 11:11
हरिद्वार। लंबे समय से मंद पड़ी अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद की सियासत फिर गरमाने वाली है। इसका केंद्र भी हरिद्वार होगा। महंत ज्ञानदास ने परिषद अध्यक्ष के लिए महानिर्वाणी अखाड़े के सचिव महंत रवींद्रपुरी का नाम आगे बढ़ाया है। जल्द वे हरिद्वार आकर सभी तेरह अखाड़ा प्रमुखों से वार्ता करेंगे। हरिद्वार... आगे पढ़े

चुनिंदा तीर्थस्थलों में शामिल होगी अयोध्या

Updated on 18 December, 2013, 11:09
अयोध्या। सुविधाओं के लिहाज से अयोध्या देश के चुनिंदा तीर्थस्थलों में शामिल होगी। प्रदेश के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव इसके विकास के लिए संकल्पित हैं। त्वरित आर्थिक विकास योजना के अन्तर्गत उन्होंने नगर के मार्गो के विकास के लिए दस करोड़ की सहायता अपने विवेकाधीन कोष से दी है। चौदहकोसी व पंचकोसी... आगे पढ़े

पुरुषोत्तम महाराज अब गोपाल पीठाधीश्वर

Updated on 18 December, 2013, 11:06
मथुरा। गोपाल पीठ पर डॉ. पुरुषोत्तम महाराज को आचार्यो द्वारा पट्टाभिषेक व पूजन कर गद्दी पर आसीन किया गया। विट्ठलेश महाराज के शरीर त्याग के बाद रिक्त हुई गद्दी पर सोमवार को विधि-विधान से आचार्य डॉ. पुरुषोत्तम महाराज का पट्टाभिषेक गुरु शरणानंद महाराज एवं चीनू बाबा समेत अन्य आचार्यगणों ने... आगे पढ़े

आश्रम में बह रही भक्ति की अविरल धारा

Updated on 18 December, 2013, 11:02
मोहनपुर। विश्व योग गुरु ब्रह्मलीन स्वामी सत्यानंद सरस्वती की तपोभूमि रिखिया पीठ में आयोजित पांच दिवसीय गुरु पूर्णिमा उत्सव के चौथे दिन सोमवार को दिनभर आश्रम में उत्सवी माहौल बना रहा। भक्ति की अविरल धारा बहती रही। विदेशी भक्तों द्वारा हिंदी व अंग्रेजी के कीर्तन से वातावरण गुंजायमान होता रहा। सुबह... आगे पढ़े

गढ़वाल के विंध्याचल क्षेत्र में मिली सोम बूटी

Updated on 18 December, 2013, 10:59
हरिद्वार। पतंजलि योगपीठ के महामंत्री और आयुर्वेदाचार्य आचार्य बालकृष्ण ने रामायण काल की संजीवनी के बाद अब देवताओं, ऋषि- मुनियों की पसंदीदा रही सोमरस वाली सोम नामक बूटी को खोज निकालने का दावा किया है। सोमवार देर शाम पतंजलि से जारी बयान में दावा किया गया है कि आचार्य बालकृष्ण और... आगे पढ़े

महाज्ञानी बनना है तो इस रहस्य को समझ लें

Updated on 17 December, 2013, 12:58
संसार में किसी से भी कह दें कि तुम अज्ञानी हो तो वह आपको मारने-पीटने के लिए दौड़ेगा। कारण यह है कि कोई भी अपने आपको अज्ञानी मानने को तैयार नहीं होता। जबकि सच तो यह है कि बड़ी-बड़ी उपाधियां और डिग्रियां लेकर ऊंचे पदों पर काम करने वाले व्यक्ति... आगे पढ़े

आत्मा को पता होता है उसे कौन सा शरीर मिलने वाला है

Updated on 17 December, 2013, 12:56
स्वामी शिवानंद सरस्वती जीवात्मा प्राण, मन तथा इंद्रियों के साथ मृत्यु के समय अपने पूर्व शरीर को छोड़ देती है और एक नया शरीर धारण करती है। अविद्या, शुभ-अशुभ कर्म तथा पूर्वजन्मों के संस्कारों को भी वह अपने साथ ही ले जाती है। जिस प्रकार कीड़ा दूसरी घास पर अपने पांवों... आगे पढ़े

आखिर भगवान श्री कृष्ण को क्यों बनना पड़ा उस नपुंसक की पत्नी

Updated on 17 December, 2013, 12:49
भगवान श्री कृष्ण के विषय में कहा जाता है कि इनकी एक हजार पत्नी थी लेकिन शायद ही आपने सुना होगा कि भगवान श्री कृष्ण खुद एक ऐसे व्यक्ति की पत्नी बने जो न पुरूष था और न स्त्री। तमिलनाडु में यह कथा काफी प्रचलित है। हर साल अरवणी पर्व... आगे पढ़े

कबीर माला प्रकरण: थाई नागरिकों की पुलिस अभिरक्षा शुरू

Updated on 17 December, 2013, 12:11
लखनऊ। वाराणसी के कबीर मठ से संत कबीरदास की छह सौ वर्ष पुरानी माला चोरी के प्रकरण में थाईलैंड के तीन नागरिकों पट्टा रावत, फ्रा केराटीपट और फ्रूएक बूनटेटानन की पुलिस अभिरक्षा गुरुवार पूर्वाह्न नौ बजे से शुरू हो गई। अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (नवम) अभिषेक श्रीवास्तव की अदालत ने... आगे पढ़े

निर्मल गंगा के लिए बढ़े कदम

Updated on 16 December, 2013, 21:57
वाराणसी। गंगा निर्मलीकरण के लिए परमार्थ निकेतन ने अब और आगे कदम बढ़ा दिए हैं। स्वामी चिदानंद सरस्वती के 60 वें जन्मदिन पर गंगा एक्शन परिवार का गठन किया गया है। इसके तहत छह योजनाएं तैयार की गई हैं। इस बाबत केंद्र सरकार समेत उत्तराखंड व उत्तर प्रदेश सरकार को भी... आगे पढ़े

यहां संरक्षित हैं 300 साल के पंचांग

Updated on 16 December, 2013, 21:55
इलाहाबाद । 700 ईसवी से लेकर मौजूदा साल तक का पंचांग देखना हो या लीडर अखबार और माया, धर्मयुग जैसी पत्रिकाओं की प्रतियों का अवलोकन तो भारती भवन पुस्तकालय में जाएं। 125 साल पुरानी इमारत में ये सब मौजूद हैं। नक्काशीदार किताबों की आलमारी में रखी तमाम ऐतिहासिक किताबों के... आगे पढ़े

अंक प्रकृति के संदेशावाहक होते

Updated on 16 December, 2013, 21:38
अंक प्रकृति के संदेशावाहक होते हैं, जरूरत है अंकों में छिपे संदेश को समझने की। दिनांक 11-12-13 में अंकों का विलक्षण संयोग था। इनमें 11 का अंक ब्रहृमा, 12 का अंक विष्णु तथा 13 का अंक महेश का प्रतिनिधित्व कर रहा है। सृष्टि के सृजन-पालन-संहार करने वाले तीनों देवों की... आगे पढ़े

विराट सत्ता की झांकी

Updated on 16 December, 2013, 13:21
ईश्वर चेतना निराकार है. साकार तो उसका कलेवर भर दिखता है. ईश्वर का दृश्य स्वरूप यह विराट ब्रह्माण्ड है. अर्जुन, यशोदा, कौशल्या आदि का मन ईश्वर दर्शन के लिए व्याकुल हुआ तो उन्हें इसी रूप में दिव्य दर्शन कराये गये. इसके लिए दिव्य नेत्र दिये गये. कारण, स्थूल दृष्टि से विराट... आगे पढ़े

ध्यान-तन्मयता का नाम समाधि

Updated on 16 December, 2013, 13:17
ध्यान के द्वारा परिवर्तन तभी संभव है जब ध्यान में जाने के लिए गहरी आस्था हो. आस्था का निर्माण हुए बिना ध्यान में जाने की क्षमता अर्जित नहीं हो सकती. कुछ व्यक्तियों में नैसर्गिक आस्था होती है और कुछ व्यक्तियों की आस्था का निर्माण करना पड़ता है. आस्था पर संकल्प का... आगे पढ़े

जीवन का आधार है गीता

Updated on 15 December, 2013, 20:40
 वृंदावन : गंगा, यमुना, गीता हमारे जीवन का आधार हैं, अगर आस्था से हम इसे आत्मसात करें तो सभी समस्याओं का समाधान हो सकता है। यह बात पूर्व राज्यमंत्री रविकांत गर्ग ने गीता जयंती के मौके पर सेवाकुंज मार्ग स्थित भागवत निलय में आयोजित समारोह में कही। निम्बार्क मठ के सेवायत... आगे पढ़े

कैलाश मानसरोवर : एक साहसिक तीर्थयात्रा

Updated on 15 December, 2013, 12:40
सभी तीर्थ करने के बाद कैलाश मानसरोवर का तीर्थ करना हिंदू धर्म के अलावा जैन, बौद्ध और अन्य धर्म के श्रद्धालुओं में बहुत लोकप्रिय है। यह बहुत ही साहसिक तीर्थयात्रा है जिसकी शुरुआत सितंबर में की जाती है। उत्तराखंड तिब्बत होते हुए लगभग दो महीने में यह यात्रा पूरी होती... आगे पढ़े

कोल्हापुर में नित्य जप ध्यान करते हैं भगवान विष्णु के यह अवतार

Updated on 15 December, 2013, 11:07
ब्रह्माण्ड पुराण की कथा के अनुसार देवी अनुसूया के पतिव्रत से प्रसन्न होकर त्रिदेव यानी ब्रह्मा, विष्णु एवं महेश ने उनके घर पुत्र रूप में जन्म लेने का वरदान दिया। इस वरदान के फलस्वरूप ब्रह्मा चन्द्रमा रूप में, शिव जी ऋषि दुर्वासा के रूप में तथा भगवान विष्णु दत्तात्रेय के... आगे पढ़े

मरने के चार साल बाद वह लौट आया बीवी बच्चों के पास

Updated on 14 December, 2013, 15:34
दिल्ली इस बात को सभी धर्मों में कहा गया है कि शरीर और आत्म दो अलग चीज है। आत्मा अमर है और यह एक शरीर को छोड़कर दूसरे शरीर में प्रवेश कर जाता है। गरूर पुराण कहता है कि शरीर का त्याग करते समय आत्मा जीवन भर के कर्मों और ज्ञान... आगे पढ़े

शाश्वत प्रेम अंतहीन है

Updated on 14 December, 2013, 15:13
प्रेम कितना ही होता जाए, अधूरा ही बना रहता है. वह परमात्मा जैसा है. कितना ही विकसित होता जाए, पूर्ण से पूर्णतर होता जाता है, फिर भी विकास जारी है. जैसे प्रेम का अधूरापन ही उसकी शाश्वतता है. ध्यान रखना कि जो चीज पूरी हो जाती है, वह मर जाती है.... आगे पढ़े

ज्ञान से होती है संत की पहचान

Updated on 14 December, 2013, 12:29
मुंगेर/जमालपुर (मुंगेर)। संत की पहचान उनके वेष से नहीं बल्कि उनके ज्ञान से होती है। उक्त उद्गार आशुतोष महाराज की शिष्या साध्वी श्यामा भारती ने सफियाबाद बाजार समिति स्थित राम कथा ज्ञान यज्ञ के पांचवें दिन शुक्रवार को सीता हरण प्रसंग के बीच कही। श्यामा ने कहा कि रामायण की... आगे पढ़े

बड़े से बड़ा काम बन जाता है दो अक्षर के इन नामों से

Updated on 13 December, 2013, 21:26
कृष्ण भी जिनका जपते नाम दो अक्षर का राधा नाम भगवाती राधा भगवान श्री कृष्ण की प्रेयसी और पराशक्ति हैं। इसलिए श्री कृष्ण के नाम से पहले राधा का नाम लिया जाता है। भगवान श्री कृष्ण का कहना है जहां भी राधा का नाम लिया जाता है वहां मैं पहुंच जाता... आगे पढ़े

जलियांवाला बाग के मिट्टी-पानी से जुड़ेंगे सरदार पटेल

Updated on 12 December, 2013, 22:08
अहमदाबाद । अखंड भारत के शिल्पी लौहपुरुष सरदार पटेल की याद में नर्मदा नदी पर बनने वाली प्रतिमा 'स्टेच्यू ऑफ यूनिटी' की नींव में जलियांवाला बाग और स्वर्ण मंदिर का मिट्टी-पानी भी लगेगा। गुजरात के मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी के ड्रीम प्रोजेक्ट के लिए भाजपा के वरिष्ठ नेता, राज्य मंत्रिमंडल के... आगे पढ़े

राधाकृष्ण की मूर्ति खोजने के लिए एकजुट हुए गांव वाले

Updated on 12 December, 2013, 13:07
बरसाना। संकेत वन के प्राचीन राधारमण मंदिर से चोरी की गईं अष्टधातु व पाषाण की राधाकृष्ण की मूर्तियों को लेकर मंदिर परिसर में पंचायत हुई। पंचायत में ग्रामीणों ने मूर्ति चोरों का गांव से कोई न कोई संबंध होना स्वीकार किया। गांव वालों का मानना है कि बीच गांव से... आगे पढ़े

मखमली रजाई ओढ़ने लगे प्रभु

Updated on 12 December, 2013, 13:05
गोवर्धन। श्रद्धा के अनमोल मोतियों से सजी आस्था की माला भक्त की प्रेम डोरी से बनी होती है। प्रभु को भाव का भूखा बताया जाता है, इसीलिए प्रभु की सेवा उनके भक्त निराले ढंग से करते रहते हैं। सर्दी के बढ़ते कदमों को देखकर गिरिराज भक्तों को प्रभु के स्वास्थ्य... आगे पढ़े

Gyan Vani Bhopal